Monday , September 28 2020

Gham Shayari

Gham Shayari

 

Gham Shayari ( ग़म शायरी ) – ज़िंदगी ग़म और ख़ुशी से मिलकर बनती है। आदमी अपनी प्रवृत्तियों में संवेदनशील होता है, इसलिए वह अगर प्रसन्न होता है तो दुखी भी होता है। शायरी इस तरह के ग़मों पर मलहम लगाने का काम करती है। प्रस्तुत है ‘ग़म’ पर शायरों के चुनिंदा अशआर